2026 तक निफ्टी 28,000 के ऐतिहासिक स्तर पर: Monarch Networth ने बताए टॉप स्टॉक पिक्स
ब्रोकरेज फर्म Monarch Networth Capital का अनुमान है कि 2026 तक Nifty 50 इंडेक्स 28,000 के स्तर तक चढ़ सकता है। ब्याज दरों में संभावित कटौती, कॉर्पोरेट अर्निंग्स में सुधार और नए कैपिटल एक्सपेंडिचर (capex) चक्र से इस सकारात्मक दृष्टिकोण को समर्थन मिल रहा है।
Key takeaways
- Nifty 50 is projected to reach the 27,000-28,000 range by 2026.
- Growth will be fueled by lower interest rates, better earnings, and increased capex.
- Top sectoral picks include Banking, Telecom, and Information Technology.
- SBI, HFCL, and Hindustan Copper are highlighted as key stocks to watch.
ब्रोकरेज फर्म Monarch Networth Capital का अनुमान है कि 2026 तक Nifty 50 इंडेक्स 28,000 के स्तर तक चढ़ सकता है। ब्याज दरों में संभावित कटौती, कॉर्पोरेट अर्निंग्स में सुधार और नए कैपिटल एक्सपेंडिचर (capex) चक्र से इस सकारात्मक दृष्टिकोण को समर्थन मिल रहा है।
भारतीय इक्विटी बाजार अगले दो वर्षों में एक महत्वपूर्ण तेजी के लिए तैयार हैं। ब्रोकरेज फर्म Monarch Networth Capital के हालिया अनुमानों के अनुसार, बेंचमार्क Nifty 50 इंडेक्स के नई ऊंचाइयों को छूने की उम्मीद है, जो वर्ष 2026 तक 27,000 से 28,000 की रेंज तक पहुंच सकता है।
ग्रोथ के मुख्य कारक
ब्रोकरेज ने इस तेजी के प्राथमिक इंजनों के रूप में व्यापक आर्थिक कारकों (macroeconomic factors) और कॉर्पोरेट प्रदर्शन के संयोजन की पहचान की है। इनमें सबसे प्रमुख मौद्रिक नीति (monetary policy) में अपेक्षित बदलाव है। जैसे-जैसे वैश्विक और घरेलू मुद्रास्फीति कम होगी, ब्याज दरों में कटौती से कंपनियों के लिए उधारी की लागत कम होने की उम्मीद है, जिससे प्रॉफिट मार्जिन बढ़ेगा और विस्तार को बढ़ावा मिलेगा।
इसके अलावा, कॉर्पोरेट अर्निंग्स में सुधार और एक मजबूत कैपिटल एक्सपेंडिचर (capex) चक्र को महत्वपूर्ण स्तंभ माना जा रहा है। जैसे-जैसे सरकारी और निजी क्षेत्र बुनियादी ढांचे और विनिर्माण में निवेश बढ़ाएंगे, इसका व्यापक अर्थव्यवस्था और शेयर बाजार दोनों पर सकारात्मक प्रभाव पड़ने की उम्मीद है।
पसंदीदा सेक्टर और टॉप पिक्स
Monarch Networth ने उन सेक्टर्स के प्रति प्राथमिकता व्यक्त की है जो इस ग्रोथ का लाभ उठाने के लिए अच्छी स्थिति में हैं। इनमें शामिल हैं:
- बैंकिंग: क्रेडिट डिमांड में सुधार और स्थिर एसेट क्वालिटी से लाभ होने की उम्मीद है।
- टेलीकॉम: डिजिटल विस्तार और इंफ्रास्ट्रक्चर अपग्रेड के माध्यम से विकास के लिए तैयार।
- इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी (IT): वैश्विक टेक खर्च में स्थिरता आने के साथ सुधार देखने की संभावना है।
हालांकि ध्यान लार्ज-कैप स्थिरता पर बना हुआ है, लेकिन ब्रोकरेज मिडकैप और स्मॉलकैप सेगमेंट में भी महत्वपूर्ण अवसर देख रहा है। विशेष रूप से, इसने निवेशकों के लिए विभिन्न सेक्टर्स के तीन शेयरों को टॉप पिक्स के रूप में चुना है: State Bank of India (SBI), HFCL, और Hindustan Copper।
मिडकैप स्पेस की रणनीति
ब्रोकरेज का सुझाव है कि जबकि व्यापक बाजार सूचकांक आधार प्रदान करेंगे, मिड और स्मॉल-कैप स्पेस में चयनात्मक स्टॉक पिकिंग बेहतर रिटर्न दे सकती है। निवेशकों को ऐसी कंपनियों की तलाश करने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है जिनकी बैलेंस शीट मजबूत हो और जो बदलती ब्याज दर के माहौल को संभाल सकें और चल रहे औद्योगिक कैपेक्स पुश से लाभान्वित हो सकें।
प्रतिभूति बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन हैं। निवेश करने से पहले सभी संबंधित दस्तावेजों को ध्यान से पढ़ें। यह सामग्री केवल सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है और इसमें वित्तीय सलाह शामिल नहीं है।