Open a free Demat account & get ₹500 in stocks.Claim
Nifty 5022,511.70.48%H 22,610.6 · L 22,500.8as of 12:19 PM IST|Sensex72,336.060.2%H 72,572.9 · L 72,187.62as of 12:04 PM IST|Bank Nifty54,830.950.36%H 55,091.45 · L 54,555.1as of 12:19 PM IST|USD / INR₹95.980.17%H ₹96 · L ₹95.82as of 12:18 PM IST|Gold Intl (10g)₹1,30,107.320.7%H ₹1,30,310.99 · L ₹1,28,663.12as of 12:09 PM IST|Silver Intl (1kg)₹1,89,766.851.53%H ₹1,90,553.75 · L ₹1,85,955.77as of 12:08 PM IST|Crude WTI₹8,644.140.4%H ₹8,704.61 · L ₹8,522.24as of 12:09 PM IST|Bitcoin₹80,78,4561.3%H ₹81,30,872.9 · L ₹80,26,039.1as of 12:10 PM IST|Ethereum₹2,60,6591.98%H ₹2,63,234.65 · L ₹2,58,083.35as of 12:10 PM IST|Nifty 5022,511.70.48%H 22,610.6 · L 22,500.8as of 12:19 PM IST|Sensex72,336.060.2%H 72,572.9 · L 72,187.62as of 12:04 PM IST|Bank Nifty54,830.950.36%H 55,091.45 · L 54,555.1as of 12:19 PM IST|USD / INR₹95.980.17%H ₹96 · L ₹95.82as of 12:18 PM IST|Gold Intl (10g)₹1,30,107.320.7%H ₹1,30,310.99 · L ₹1,28,663.12as of 12:09 PM IST|Silver Intl (1kg)₹1,89,766.851.53%H ₹1,90,553.75 · L ₹1,85,955.77as of 12:08 PM IST|Crude WTI₹8,644.140.4%H ₹8,704.61 · L ₹8,522.24as of 12:09 PM IST|Bitcoin₹80,78,4561.3%H ₹81,30,872.9 · L ₹80,26,039.1as of 12:10 PM IST|Ethereum₹2,60,6591.98%H ₹2,63,234.65 · L ₹2,58,083.35as of 12:10 PM IST|
0%
IPOsताज़ा

क्या SpaceX का मेगा IPO भारत में Reliance Jio और NSE की लिस्टिंग की शुरुआत करेगा?

Arth Vani Deskप्रकाशित: 2 मिनट पढ़ें
क्या SpaceX का मेगा IPO भारत में Reliance Jio और NSE की लिस्टिंग की शुरुआत करेगा?

Source: Economictimes

Arth Insight · What this means for your wallet

Immediate action
Monitor domestic regulatory updates and quarterly earnings from Reliance Industries for any concrete signals regarding Jio's spin-off timeline.
  • SpaceX's $75 billion IPO is boosting global market sentiment but won't directly speed up Indian listings.
  • The Reliance Jio and NSE IPOs depend on Indian market conditions and local liquidity.
  • Geopolitical stability is a key prerequisite for these high-value Indian offerings to proceed.
Recommended for you
Track live & upcoming IPOs
View IPO Center
Listen to this article
AI voice · Podcast mode
Get IPO & market alerts free on Telegram / WhatsApp
AI सारांश

जहाँ SpaceX की $75 बिलियन की विशाल लिस्टिंग वैश्विक स्तर पर हलचल पैदा कर रही है, वहीं भारतीय विशेषज्ञों का सुझाव है कि Reliance Jio और NSE जैसे घरेलू दिग्गज अपनी समय-सीमा का पालन करेंगे। ये बहुप्रतीक्षित IPO वैश्विक रुझानों के बजाय स्थानीय बाजार की स्थितियों और भू-राजनीतिक स्थिरता पर अधिक निर्भर हैं।

मुख्य बातें
  • ▸SpaceX's $75 billion IPO is boosting global market sentiment but won't directly speed up Indian listings.
  • ▸The Reliance Jio and NSE IPOs depend on Indian market conditions and local liquidity.
  • ▸Geopolitical stability is a key prerequisite for these high-value Indian offerings to proceed.
  • ▸Experts advise against expecting an immediate surge in Indian mega-IPOs based solely on global news.
Key Takeaways
  • ✓SpaceX's $75 billion IPO is boosting global market sentiment but won't directly speed up Indian listings.
  • ✓The Reliance Jio and NSE IPOs depend on Indian market conditions and local liquidity.
  • ✓Geopolitical stability is a key prerequisite for these high-value Indian offerings to proceed.
  • ✓Experts advise against expecting an immediate surge in Indian mega-IPOs based solely on global news.

वैश्विक IPO बाजार एलन मस्क की SpaceX द्वारा $75 बिलियन की विशाल सार्वजनिक लिस्टिंग की योजना की खबरों से उत्साहित है। भारतीय रिटेल निवेशकों के लिए, इसने एक पुराना सवाल फिर से खड़ा कर दिया है: Reliance Jio और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) जैसे घरेलू दिग्गज आखिरकार प्राइमरी मार्केट में कब दस्तक देंगे?

वैश्विक सेंटिमेंट बनाम घरेलू वास्तविकता

हालांकि एक सफल SpaceX IPO वैश्विक निवेशक विश्वास को बढ़ा सकता है, लेकिन भारत में बाजार विश्लेषक इसके सीधे असर की उम्मीदों को कम करने की सलाह दे रहे हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, भारतीय मेगा-कॉर्प्स की लिस्टिंग की समय-सीमा अंतरराष्ट्रीय गति के बजाय आंतरिक कारकों द्वारा शासित होती है। Reliance Jio और NSE को "क्राउन ज्वेल" लिस्टिंग माना जाता है, और शेयर बाजार में उनका प्रवेश भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए एक ऐतिहासिक क्षण होने की उम्मीद है।

Jio और NSE की समय-सीमा को प्रभावित करने वाले कारक

इन भारतीय संस्थाओं के सार्वजनिक होने के लिए, कई परिस्थितियों का अनुकूल होना आवश्यक है। इन मेगा IPO का समय मुख्य रूप से निम्नलिखित घरेलू कारकों पर निर्भर करेगा:

  • मार्केट सेंटिमेंट: लिक्विडिटी की कमी पैदा किए बिना अरबों डॉलर के ऑफर्स को संभालने के लिए भारतीय रिटेल और संस्थागत निवेशकों की क्षमता।
  • भू-राजनीतिक स्थिरता: वैश्विक मंच पर तनाव कम होने से बड़े पैमाने पर पूंजी जुटाने के लिए आवश्यक शांति मिल सकती है।
  • नियामक अनुमोदन (Regulatory Approvals): विशेष रूप से NSE के लिए, लॉन्च निर्धारित होने से पहले लंबित नियामक मंजूरी एक महत्वपूर्ण बाधा बनी हुई है।

रिटेल निवेशकों के लिए इंतज़ार जारी

रिलायंस इंडस्ट्रीज की टेलीकॉम और डिजिटल शाखा, Reliance Jio के बारे में लंबे समय से अफवाहें हैं कि वह शेयरधारकों के लिए वैल्यू अनलॉक करने के लिए एक अलग लिस्टिंग की संभावना तलाश रही है। इसी तरह, NSE IPO वर्षों से भारतीय वित्तीय क्षेत्र में सबसे प्रतीक्षित घटनाओं में से एक रहा है। हालांकि, वर्तमान आम सहमति बताती है कि ये कंपनियां किसी जल्दबाजी में नहीं हैं। वे एक सफल डेब्यू सुनिश्चित करने के लिए निरंतर घरेलू विकास और कम अस्थिरता की अवधि की प्रतीक्षा कर रही हैं।

निष्कर्षतः, भले ही SpaceX वैश्विक वैल्यूएशन के लिए एक नया बेंचमार्क स्थापित करे, लेकिन भारतीय IPO परिदृश्य अपने स्वयं के फंडामेंटल्स पर केंद्रित है। निवेशकों को संकेतों के लिए सिलिकॉन वैली की ओर देखने के बजाय घरेलू व्यापक आर्थिक डेटा (macroeconomic data) और कंपनी-विशिष्ट घोषणाओं पर कड़ी नजर रखनी चाहिए।

प्रतिभूति बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन हैं। निवेश करने से पहले सभी संबंधित दस्तावेजों को ध्यान से पढ़ें। यह सामग्री केवल सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है और निवेश सलाह नहीं है।

Recommended for you
Products related to this story — compare & act
Smart picks
Nippon India Small Cap Fund
Nippon India Mutual Fund · Small Cap
14.7%
3Y CAGR
Bharat Mobility IPO
Mainboard · Auto
+20.5%
GMP
View IPO
Parag Parikh Flexi Cap Fund
PPFAS Mutual Fund · Flexi Cap
12.2%
3Y CAGR
GreenVolt Energy IPO
Mainboard · Renewables
+13.8%
GMP
View IPO
Mirae Asset ELSS Tax Saver Fund
Mirae Asset Mutual Fund · ELSS
11.0%
3Y CAGR
ICICI Prudential Balanced Advantage Fund
ICICI Prudential Mutual Fund · Hybrid
10.4%
3Y CAGR

IPO investments are subject to market risk and allotment. Read the RHP / prospectus before applying; grey-market premium (GMP) is unofficial and unreliable. Some listings may be sponsored. Not investment advice.

Stay ahead of the market

Join the Arth Vani channels

Daily news summaries, IPO & market alerts on Telegram and WhatsApp.

क्योंकि आपने IPOs पढ़ा

Snapdeal की मूल कंपनी AceVector का ₹420 करोड़ का IPO 4.93 गुना ओवरसब्सक्राइब होकर बंद हुआ
IPOताज़ा
IPOs

Snapdeal की मूल कंपनी AceVector का ₹420 करोड़ का IPO 4.93 गुना ओवरसब्सक्राइब होकर बंद हुआ

ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म स्नैपडील की मूल कंपनी ऐसवेक्टर (AceVector) ने अपना ₹420 करोड़ का प्रारंभिक सार्वजनिक प्रस्ताव (IPO) सफलतापूर्वक बंद कर दिया है। इस सार्वजनिक पेशकश को निवेशकों से जबरदस्त मांग मिली और यह 4.93 गुना ओवरसब्सक्राइब हुआ।

17h ago·1 मिनट पढ़ेंसुनें
एआई फर्म एंथ्रोपिक का राजस्व में उछाल और भारी नुकसान के बीच आईपीओ पर नजर
IPO
IPOs

एआई फर्म एंथ्रोपिक का राजस्व में उछाल और भारी नुकसान के बीच आईपीओ पर नजर

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कंपनी एंथ्रोपिक कथित तौर पर राजस्व में भारी वृद्धि के चलते इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (आईपीओ) की तैयारी कर रही है। हालांकि, कंपनी की वित्तीय फाइलिंग में भारी शुद्ध घाटा और महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचा प्रतिबद्धताओं का खुलासा हुआ है।

1d ago·2 मिनट पढ़ेंसुनें
Q3 में वैश्विक IPO स्थगनों में आई तेज़ी, कंपनियाँ किनारे पर रहने का विकल्प चुन रही हैं
IPOताज़ा
IPOs

Q3 में वैश्विक IPO स्थगनों में आई तेज़ी, कंपनियाँ किनारे पर रहने का विकल्प चुन रही हैं

वैश्विक स्तर पर आरंभिक सार्वजनिक पेशकश (IPO) के लिए साल की मजबूत शुरुआत के बावजूद, अब अधिक कंपनियाँ अपने सार्वजनिक बाज़ार की शुरुआत में देरी करना चुन रही हैं। विशेष रूप से तीसरी तिमाही में देखी गई और Oura जैसी कंपनियों द्वारा उदाहरण के तौर पर सामने आई स्थगनों की यह तेज़ी वैश्विक बाज़ार में बदलते रुझान का संकेत देती है।

1d ago·3 मिनट पढ़ेंसुनें

संबंधित खबरें

Snapdeal की मूल कंपनी AceVector का ₹420 करोड़ का IPO 4.93 गुना ओवरसब्सक्राइब होकर बंद हुआ
IPOताज़ा
IPOs

Snapdeal की मूल कंपनी AceVector का ₹420 करोड़ का IPO 4.93 गुना ओवरसब्सक्राइब होकर बंद हुआ

ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म स्नैपडील की मूल कंपनी ऐसवेक्टर (AceVector) ने अपना ₹420 करोड़ का प्रारंभिक सार्वजनिक प्रस्ताव (IPO) सफलतापूर्वक बंद कर दिया है। इस सार्वजनिक पेशकश को निवेशकों से जबरदस्त मांग मिली और यह 4.93 गुना ओवरसब्सक्राइब हुआ।

17h ago·1 मिनट पढ़ेंसुनें
एआई फर्म एंथ्रोपिक का राजस्व में उछाल और भारी नुकसान के बीच आईपीओ पर नजर
IPO
IPOs

एआई फर्म एंथ्रोपिक का राजस्व में उछाल और भारी नुकसान के बीच आईपीओ पर नजर

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कंपनी एंथ्रोपिक कथित तौर पर राजस्व में भारी वृद्धि के चलते इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (आईपीओ) की तैयारी कर रही है। हालांकि, कंपनी की वित्तीय फाइलिंग में भारी शुद्ध घाटा और महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचा प्रतिबद्धताओं का खुलासा हुआ है।

1d ago·2 मिनट पढ़ेंसुनें
तीसरी तिमाही में वैश्विक आईपीओ स्थगन में तेजी, कंपनियाँ प्रतीक्षा करना पसंद कर रही हैं
IPOताज़ा
IPOs

तीसरी तिमाही में वैश्विक आईपीओ स्थगन में तेजी, कंपनियाँ प्रतीक्षा करना पसंद कर रही हैं

वैश्विक स्तर पर आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के लिए साल की मजबूत शुरुआत के बावजूद, अब अधिक कंपनियाँ अपने सार्वजनिक बाजार में प्रवेश (डेब्यू) में देरी करना पसंद कर रही हैं। तीसरी तिमाही में विशेष रूप से देखी गई, स्थगन की यह तेज होती प्रवृत्ति, जिसका उदाहरण ऊरा (Oura) जैसी कंपनियाँ हैं, वैश्विक बाजार में बदलती धारणा का संकेत देती है।

1d ago·2 मिनट पढ़ेंसुनें
Q3 में वैश्विक IPO स्थगनों में आई तेज़ी, कंपनियाँ किनारे पर रहने का विकल्प चुन रही हैं
IPOताज़ा
IPOs

Q3 में वैश्विक IPO स्थगनों में आई तेज़ी, कंपनियाँ किनारे पर रहने का विकल्प चुन रही हैं

वैश्विक स्तर पर आरंभिक सार्वजनिक पेशकश (IPO) के लिए साल की मजबूत शुरुआत के बावजूद, अब अधिक कंपनियाँ अपने सार्वजनिक बाज़ार की शुरुआत में देरी करना चुन रही हैं। विशेष रूप से तीसरी तिमाही में देखी गई और Oura जैसी कंपनियों द्वारा उदाहरण के तौर पर सामने आई स्थगनों की यह तेज़ी वैश्विक बाज़ार में बदलते रुझान का संकेत देती है।

1d ago·3 मिनट पढ़ेंसुनें
DSP Mutual Fund