Income Tax
Income Tax पर ताज़ा खबरें, व्याख्या और विश्लेषण। अर्थ वाणी पर 46 खबरें ट्रैक की जा रही हैं।
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Income Tax पर ताज़ा

ITAT ने केवल सर्वेक्षण बयान के आधार पर ₹30 लाख के कर जोड़ को हटाया
आयकर अपीलीय न्यायाधिकरण (ITAT) ने कर विभाग द्वारा पहले की गई ₹30 लाख की कर वृद्धि को हटा दिया है, यह फैसला सुनाते हुए कि करदाता का सर्वेक्षण के दौरान दिया गया बयान बिना किसी पुष्टिकरण साक्ष्य के ऐसी वृद्धि का एकमात्र आधार नहीं हो सकता। यह निर्णय उन करदाताओं के लिए महत्वपूर्ण राहत और स्पष्टता प्रदान करता है जिन्हें केवल बयानों के आधार पर प्रस्तावित वृद्धि का सामना करना पड़ता है।
ताज़ाविरासत में मिली संपत्ति का पुनर्विकास: ₹75 लाख आय कर योग्य नहीं, ITAT का निर्णय
एक व्यक्ति, जिसे विरासत में मिली जमीन के पुनर्विकास से ₹75 लाख मिले थे, ने दिल्ली में आयकर अपीलीय न्यायाधिकरण (ITAT) के सामने सफलतापूर्वक तर्क दिया कि यह आय कर योग्य नहीं थी। संपत्ति के मालिक ने बिल्डर के साथ साझेदारी करने से पहले जमीन को फ्रीहोल्ड में परिवर्तित किया था और डीडीए म्यूटेशन पूरा किया था।
ताज़ाITAT ने वैधानिक समय सीमा चूकने पर ₹1.34 करोड़ का टैक्स पुनर्मूल्यांकन रद्द किया
आयकर अपीलीय न्यायाधिकरण (ITAT) ने एक करदाता के पक्ष में फैसला सुनाते हुए ₹1.34 करोड़ के पुनर्मूल्यांकन नोटिस को रद्द कर दिया है क्योंकि इसे कानूनी समय सीमा के बाद जारी किया गया था। यह फैसला इस बात को पुष्ट करता है कि कर अधिकारियों को आयकर अधिनियम के तहत निर्धारित समय सीमा का सख्ती से पालन करना चाहिए।

कर्नाटक हाईकोर्ट: निदेशक कंपनी के खिलाफ आयकर तलाशी को व्यक्तिगत रूप से चुनौती नहीं दे सकता
कर्नाटक हाईकोर्ट ने फैसला सुनाया है कि एक निदेशक अपनी कंपनी के खिलाफ की गई आयकर तलाशी को व्यक्तिगत रूप से चुनौती नहीं दे सकता। अदालत ने स्पष्ट किया कि ऐसी कानूनी चुनौतियां कंपनी द्वारा स्वयं ही शुरू की जानी चाहिए, क्योंकि यह अपने निदेशकों से एक अलग कानूनी इकाई है।
ताज़ाITAT मुंबई ने पैतृक आभूषणों पर ₹67.4 लाख की कर वृद्धि हटाई, ₹12 लाख के HUF ब्रोकरेज दावे को खारिज किया
मुंबई में आयकर अपीलीय न्यायाधिकरण (ITAT) ने हाल ही में पैतृक आभूषणों पर ₹67.4 लाख की कर विभाग की वृद्धि को रद्द कर दिया, पुराने रिकॉर्ड को सबूत के तौर पर स्वीकार किया। हालांकि, उसी न्यायाधिकरण ने हिंदू अविभाजित परिवार (HUF) ब्रोकरेज से संबंधित ₹12 लाख के करदाता के दावे को खारिज कर दिया। यह निर्णय आयकर रिटर्न (ITR) में विरासत में मिली संपत्तियों और व्यय दोनों के दावों के लिए मजबूत दस्तावेज़ीकरण के महत्वपूर्ण महत्व पर प्रकाश डालता है।
ताज़ामहिला के ₹67.4 लाख के पैतृक आभूषण की घोषणा से आयकर विभाग द्वारा आय में वृद्धि; ITAT शामिल
एक करदाता द्वारा अपनी आयकर विवरणी (ITR) में ₹67.4 लाख के पैतृक आभूषण की घोषणा करने पर आयकर विभाग ने उसकी कर योग्य आय में 'वृद्धि' कर दी। यह विवाद बाद में समाधान के लिए आयकर अपीलीय न्यायाधिकरण (ITAT) तक पहुंच गया। यह मामला कर जांच से बचने के लिए पैतृक संपत्तियों के उचित दस्तावेजीकरण के महत्वपूर्ण महत्व पर प्रकाश डालता है।
ताज़ाईपीएफ: नौकरी छोड़ने के बाद मिलने वाला ब्याज कर योग्य हो सकता है, भले ही शेष राशि कर-मुक्त हो
कर्मचारी भविष्य निधि (ईपीएफ) में आपका शेष पांच साल की सेवा के बाद आमतौर पर कर-मुक्त रहता है, लेकिन नौकरी छोड़ने के *बाद* इस पर अर्जित ब्याज कर योग्य माना जा सकता है। आयकर अपीलीय न्यायाधिकरण (आईटीएटी) के कुछ फैसलों द्वारा समर्थित यह व्याख्या, करियर ब्रेक की योजना बना रहे या ले रहे व्यक्तियों के लिए महत्वपूर्ण है।
ताज़ाईपीएफ: नौकरी छोड़ने के बाद का ब्याज कर योग्य हो सकता है, भले ही शेष राशि कर-मुक्त हो
हालांकि आपकी कर्मचारी भविष्य निधि (ईपीएफ) शेष राशि आमतौर पर पांच साल की सेवा के बाद कर-मुक्त रहती है, लेकिन नौकरी छोड़ने के *बाद* इस पर अर्जित ब्याज कर योग्य माना जा सकता है। आयकर अपीलीय न्यायाधिकरण (आईटीएटी) के कुछ फैसलों द्वारा समर्थित यह व्याख्या उन व्यक्तियों के लिए महत्वपूर्ण है जो करियर ब्रेक की योजना बना रहे हैं या ले रहे हैं।
ताज़ानिर्धारण वर्ष 2026-27 के लिए आयकर ऑडिट की समय-सीमा 21 अक्टूबर तक और ITR फाइलिंग की समय-सीमा 21 नवंबर तक बढ़ी: सरकार ने अंतिम तिथियाँ बढ़ाईं
केंद्र सरकार ने निर्धारण वर्ष 2026-27 के लिए टैक्स ऑडिट रिपोर्ट और आयकर रिटर्न (ITR) दाखिल करने की समय-सीमा बढ़ा दी है। जिन करदाताओं को ऑडिट की आवश्यकता है, उनके लिए अब ITR दाखिल करने की अंतिम तिथि 21 नवंबर, 2026 है, जबकि टैक्स ऑडिट रिपोर्ट के लिए अंतिम तिथि 21 अक्टूबर, 2026 है।
ताज़ाबैंक सावधि जमा (FD) ब्याज पर कर विसंगति को दूर करने की मांग बढ़ रही है
डेक्कन हेराल्ड की एक हालिया रिपोर्ट बैंक सावधि जमा (FD) पर अर्जित ब्याज से संबंधित लंबे समय से चली आ रही कर विसंगति को सुधारने के बारे में चल रही चर्चाओं पर प्रकाश डालती है। यह विसंगति बताती है कि FD ब्याज पर निवेशक के आयकर स्लैब दर पर कर कैसे लगाया जाता है, जिसके कारण अक्सर ऐसी स्थिति बन जाती है जहां मुद्रास्फीति और करों के बाद वास्तविक रिटर्न नकारात्मक हो सकता है, विशेषकर मध्यम आय वर्ग और वरिष्ठ नागरिक बचतकर्ताओं के लिए।
ताज़ाटैक्स ऑडिट की समय सीमा नजदीक: पेशेवरों ने चिंताओं के बीच विस्तार का आग्रह किया
टैक्स पेशेवर टैक्स ऑडिट की 30 सितंबर की समय सीमा बढ़ाने का अनुरोध कर रहे हैं, संभावित चुनौतियों का हवाला देते हुए। करदाताओं को सलाह दी जाती है कि वे अंतिम समय की परेशानियों से बचने के लिए अपने दस्तावेज़ तुरंत तैयार करें।

गुवाहाटी टैक्स बार ने ऑडिट की नियत तारीख बढ़ाने की मांग की
टैक्स बार एसोसिएशन गुवाहाटी ने आगामी टैक्स ऑडिट की नियत तारीख के लिए विस्तार का औपचारिक रूप से अनुरोध किया है। इस कदम का उद्देश्य भारतीय कर कानूनों के तहत अनिवार्य टैक्स ऑडिट आवश्यकताओं का अनुपालन करने के लिए करदाताओं और पेशेवरों को अतिरिक्त समय प्रदान करना है।
ताज़ाटैक्स ऑडिट की अंतिम तिथि: पेशेवर सोशल मीडिया के माध्यम से 31 अक्टूबर तक विस्तार की मांग कर रहे हैं
भारतीय कर पेशेवर अधिकारियों से टैक्स ऑडिट की वर्तमान 30 सितंबर की समय सीमा को 31 अक्टूबर तक बढ़ाने का आग्रह कर रहे हैं। जैसे-जैसे समय सीमा नजदीक आ रही है, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर यह अनुरोध जोर पकड़ रहा है।
ताज़ाटैक्स ऑडिट की समय सीमा: पेशेवर सोशल मीडिया के माध्यम से 31 अक्टूबर तक विस्तार की मांग कर रहे हैं
भारतीय कर पेशेवर अधिकारियों से टैक्स ऑडिट की समय सीमा को मौजूदा 30 सितंबर से बढ़ाकर 31 अक्टूबर करने का आग्रह कर रहे हैं। समय सीमा नजदीक आने के साथ यह अनुरोध सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर जोर पकड़ रहा है।
ताज़ाकेंद्र सरकार एचआरए: जनवरी 2024 से एक्स, वाई, जेड शहरों के लिए नई दरें समझाई गईं
केंद्रीय कर्मचारियों को अब संशोधित मकान किराया भत्ता (HRA) दरें मिलेंगी, जो 1 जनवरी, 2024 से प्रभावी हैं, क्योंकि महंगाई भत्ता (DA) 50% को पार कर गया है। एचआरए प्रतिशत एक्स, वाई और जेड श्रेणी के शहरों में महत्वपूर्ण रूप से भिन्न होते हैं, जो देश भर में लाखों कर्मचारियों के हाथ में आने वाले वेतन और कर छूट को प्रभावित करते हैं।
ताज़ाकेंद्र ने सुप्रीम कोर्ट में आयकर अधिनियम की धारा 147A पर उच्च न्यायालय के फैसले को चुनौती दी
भारत सरकार ने आयकर अधिनियम की धारा 147A को रद्द करने वाले विभिन्न उच्च न्यायालयों के फैसलों को चुनौती देने के लिए सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है। यह कानूनी लड़ाई 1 अप्रैल, 2021 के बाद शुरू की गई पुनर्मूल्यांकन कार्यवाही की वैधता से संबंधित है, जिससे ऐसे नोटिस प्राप्त करने वाले करदाताओं के लिए अनिश्चितता पैदा हो गई है।
ताज़ासर्वोच्च न्यायालय में केंद्र ने आयकर अधिनियम की धारा 147A पर उच्च न्यायालय के फैसले को चुनौती दी
भारत सरकार ने सर्वोच्च न्यायालय में विभिन्न उच्च न्यायालयों के उन फैसलों को चुनौती दी है जिन्होंने आयकर अधिनियम की धारा 147A को रद्द कर दिया था। यह कानूनी लड़ाई 1 अप्रैल, 2021 के बाद शुरू की गई पुनर्मूल्यांकन (रीअसेसमेंट) कार्यवाहियों की वैधता से संबंधित है, जिससे ऐसे नोटिस प्राप्त करने वाले करदाताओं के लिए अनिश्चितता पैदा हो गई है।

कर पेशेवर समूह एआईएमटीपीए ने ऑडिट आईटीआर, टीएआर की नियत तारीखों के विस्तार की मांग की
कर पेशेवरों का प्रतिनिधित्व करने वाले एक संघ, एआईएमटीपीए ने औपचारिक रूप से वित्त मंत्रालय से टैक्स ऑडिट रिपोर्ट (टीएआर) और आयकर रिटर्न (ऑडिट आईटीआर) की नियत तारीखों को बढ़ाने का अनुरोध किया है। समूह ने कार्यभार में उल्लेखनीय वृद्धि का हवाला दिया है, जिससे पेशेवरों के लिए वर्तमान समय-सीमा को पूरा करना चुनौतीपूर्ण हो रहा है।

ITAT ने असंगत मूल्यह्रास उपचार का हवाला देते हुए ₹1.13 करोड़ का कर समायोजन हटाया
आयकर अपीलीय न्यायाधिकरण (ITAT) ने एक करदाता के खिलाफ ₹1.13 करोड़ के महत्वपूर्ण अंतरण मूल्य निर्धारण समायोजन को रद्द कर दिया है। न्यायाधिकरण के निर्णय ने मूल्यह्रास उपचार के संबंध में कर अधिकारियों के एक असंगत दृष्टिकोण को उजागर किया, जिसके कारण मांग को हटा दिया गया।
ताज़ामकान मालिक टीडीएस टैक्स क्रेडिट का दावा कर सकते हैं, भले ही किराएदार जमा करने में चूक करे: आईटीएटी का फैसला
एक हालिया आयकर अपीलीय न्यायाधिकरण (आईटीएटी) के फैसले में यह स्पष्ट किया गया है कि मकान मालिक किराए पर किराएदारों द्वारा काटे गए टीडीएस के लिए टैक्स क्रेडिट का दावा कर सकते हैं, भले ही किराएदार टीडीएस राशि सरकार के पास जमा करने में विफल रहे। यह निर्णय संपत्ति मालिकों को महत्वपूर्ण राहत प्रदान करता है, यह सुनिश्चित करता है कि उन्हें किराएदार की गैर-अनुपालन के लिए अनुचित रूप से दंडित न किया जाए। हालांकि, इस क्रेडिट का लाभ उठाने के लिए मकान मालिकों को टीडीएस कटौती का प्रमाण बनाए रखना होगा।
ताज़ाबेंगलुरु के व्यक्ति ने ₹2.33 करोड़ की ऑनलाइन गेमिंग कर मांग पर ITAT का मामला जीता
एक बेंगलुरु निवासी ने आयकर अपीलीय न्यायाधिकरण (ITAT) में अपनी ऑनलाइन गेमिंग जीत पर ₹2.33 करोड़ की आयकर मांग को सफलतापूर्वक चुनौती दी। ITAT ने उनके पक्ष में फैसला सुनाया, जिससे उन्हें महत्वपूर्ण कर निर्धारण से राहत मिली। यह परिणाम भारत में ऑनलाइन गेमिंग आय के कराधान को लेकर चल रही जांच और विकसित होती व्याख्याओं पर प्रकाश डालता है।

आयकर रिटर्न (ITR) दाखिल करने की अंतिम तिथियों का अनुमान: वित्त वर्ष 2025-26 (निर्धारण वर्ष 2026-27)
भारत में व्यक्तिगत करदाताओं को वित्त वर्ष 2025-26 (निर्धारण वर्ष 2026-27) के लिए आगामी आयकर रिटर्न (ITR) दाखिल करने के मौसम की तैयारी शुरू कर देनी चाहिए। हालांकि आयकर विभाग द्वारा विशिष्ट अंतिम तिथियों की आधिकारिक घोषणा अभी बाकी है, लेकिन प्रक्रिया को समझना और समय पर अनुपालन के लिए दस्तावेजों को पहले से इकट्ठा करना महत्वपूर्ण है।

यूएस विशेषज्ञ: उच्च आय वाले लोग सामान्य त्रुटियों के कारण अक्सर कर कटौतियों का लाभ उठाने से चूक जाते हैं
अमेरिकी कर विशेषज्ञ साल जूलियन के अनुसार, उच्च आय वाले व्यक्ति अक्सर कर कटौतियों को नजरअंदाज कर देते हैं, न कि उनके अस्तित्व की अज्ञानता के कारण, बल्कि खराब समय, सीमा से अधिक होने या समन्वय की कमी के कारण। हेलोनेशन से मिली यह जानकारी कर नियोजन के सामान्य सिद्धांतों पर जोर देती है जो दुनिया भर के करदाताओं की मदद कर सकते हैं, हालांकि विशिष्ट कर कानून भिन्न होते हैं।
ताज़ाऑनलाइन जीत पर कर: अगर आप बराबर पर भी आएं तो भी चुकाना पड़ सकता है, केस स्टडी की चेतावनी
एक वैश्विक मामले में ऑनलाइन गेमर्स के लिए एक महत्वपूर्ण कर संबंधी समस्या उजागर हुई है: समान राशि जीतने और हारने के बावजूद, जिसके परिणामस्वरूप कोई शुद्ध लाभ नहीं हुआ, एक व्यक्ति को फिर भी कर दायित्व का सामना करना पड़ा। यह परिदृश्य सकल बनाम शुद्ध आय कर नियमों को समझने के महत्व को रेखांकित करता है, विशेष रूप से भारत में ऑनलाइन गेमिंग और सट्टेबाजी के लिए।
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