Treasury Bills
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ताज़ाबढ़ती यील्ड के बीच RBI ने ₹23,000 करोड़ के ट्रेजरी बिलों की सभी बोलियाँ खारिज कीं
भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) ने हाल ही में अपनी ट्रेजरी बिल नीलामी में सभी बोलियों को अप्रत्याशित रूप से खारिज कर दिया, जिससे ₹23,000 करोड़ की नियोजित बिक्री प्रभावी रूप से रद्द हो गई। यह अभूतपूर्व कदम तब उठाया गया जब बॉन्ड यील्ड में तेज़ी से वृद्धि हुई, जो उच्च उधार लागतों का संकेत दे रही थी जिसे RBI ने अस्वीकार्य माना।
ताज़ाभारतीय रिज़र्व बैंक ने बढ़ती यील्ड के बीच ₹23,000 करोड़ के ट्रेजरी बिलों के लिए सभी बोलियां खारिज कीं
भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) ने अपनी हालिया ट्रेजरी बिल नीलामी में अप्रत्याशित रूप से सभी बोलियां खारिज कर दीं, जिससे ₹23,000 करोड़ की नियोजित बिक्री प्रभावी रूप से रद्द हो गई। यह अभूतपूर्व कदम तब आया जब बॉन्ड यील्ड तेजी से बढ़ी, जिससे उच्च उधार लागत का संकेत मिला जिसे RBI ने अस्वीकार्य माना।

बांग्लादेश सरकार बैंकों से अतिरिक्त ₹260 करोड़ उधार लेगी
बांग्लादेश सरकार चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही (अप्रैल-जून) में अपने बैंकिंग क्षेत्र से अतिरिक्त Tk300 बिलियन (लगभग ₹260 करोड़) उधार लेने की योजना बना रही है। इस कदम का उद्देश्य सरकार के बजट घाटे का प्रबंधन करना और उसके खर्चों को वित्तपोषित करना है।

भारत की FCNR से T-बिल्स रणनीति: विश्लेषण के लिए सामग्री प्रतीक्षित
प्रदान की गई स्रोत सामग्री में केवल शीर्षक और प्रकाशन का नाम, 'India's Gamble FCNR to T-Bills: Everybody Wins - BW Businessworld' शामिल था। रणनीति या इसके निहितार्थों का विवरण देने वाली तथ्यात्मक समाचार रिपोर्ट बनाने के लिए कोई अतिरिक्त सामग्री उपलब्ध नहीं थी।

RBI T-Bill नीलामी: 91-दिवसीय यील्ड 6.94% पर बढ़ी, 182-दिवसीय 7.02% पर, 364-दिवसीय 7.03% पर
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने अपनी नवीनतम ट्रेजरी बिल (T-Bill) नीलामी आयोजित की, जिसमें 91-दिवसीय, 182-दिवसीय और 364-दिवसीय T-Bills के लिए कट-ऑफ यील्ड क्रमशः 6.94%, 7.02% और 7.03% पर तय हुई। ये दरें दर्शाती हैं कि निवेशक इन छोटी अवधि के लिए सरकार को पैसा उधार देने पर कितना रिटर्न मिलने की उम्मीद कर सकते हैं।
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